भोपाल: 4 जून 2025
एक तरफ़ तो दुनियाभर में एंटीबायोटिक्स का ज़रूरत से ज़्यादा इस्तेमाल हो रहा है. इन्हें तब तक इस्तेमाल किया जा रहा है जब तक कि इसका असर ही ख़त्म न हो जाए।
इससे रोगाणुओं की प्रतिरोधक क्षमता बढ़ रही है. साथ ही जानलेवा सुपरबग्स (एक प्रकार का बैक्टीरिया) का ख़तरा भी बढ़ता जा रहा है। वहीं, दूसरी ओर ऐसे भी लोग हैं जिनकी ये दवाएं ना मिलने से मौत तक हो रही है। डॉक्टरों का कहना है कि यह एक गंभीर विरोधाभास है।

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