भोपाल: 10 दिसंबर 2024
भोपाल स्मारक अस्पताल एवं अनुसंधान केंद्र (बीएमएचआरसी) में भी अब जल्द ही आईबैंक (नेत्रकोष( और नेत्र प्रत्यारोपण की सुविधा उपलब्ध होगी। अस्पताल को आईबैंक शुरू करने और कार्निया ट्रांसप्लांट की मंजूरी प्राप्त हो गई है। इसके साथ ही एम्स और हमीदिया अस्पताल के बाद बीएमएचआरसी भोपाल का तीसरा शासकीय अस्पताल बन गया है, जहां आईबैंक और नेत्र प्रत्यारोपण की सुविधा उपलब्ध होगी।
बीएमएचआरसी की प्रभारी निदेशक डॉ. मनीषा श्रीवास्तव ने इस उपलब्धि पर प्रसन्नता व्यक्त करते हुए कहा, “यह हमारे अस्पताल और भोपाल के नागरिकों के लिए एक महत्वपूर्ण कदम है। नेत्रदान और कार्निया प्रत्यारोपण जैसी सेवाओं का शुभारंभ हमारे मरीजों के जीवन में आशा की एक नई रोशनी लेकर आएगा। यह न केवल दृष्टिहीन मरीजों के लिए उपयोगी है, बल्कि समाज में नेत्रदान के प्रति जागरूकता बढ़ाने का एक अवसर भी है। बीएमएचआरसी शीघ्र ही नेत्रदान और प्रत्यारोपण को लेकर एक व्यापक जागरूकता अभियान शुरू करने की योजना बना रहा है। इस अभियान के तहत समाज में नेत्रदान के महत्व को उजागर करने के लिए सेमिनार, वर्कशॉप और अन्य गतिविधियां आयोजित की जाएंगी। इसके साथ ही हम अपने विशेषज्ञ डॉक्टरों की टीम के साथ मिलकर यह सुनिश्चित करेंगे कि मरीजों को सर्वश्रेष्ठ सेवाएं प्रदान की जाएं।”
बीएमएचआरसी के नेत्र रोग विभाग की विभागाध्यक्ष डॉ हेमलता यादव ने कहा कि नेत्रदान करने वाले लोगों की लिस्ट तैयार करने का काम शुरू किया जा रहा है। हमने आईबैंक के लिए अलग फोन नंबर 0755—2920132 भी शुरू किया है। नेत्रदान के इच्छुक व्यक्ति इस नंबर पर संपर्क कर जानकारी प्राप्त कर सकते हैं। इसके अलावा हम अस्पताल में आने वाले मरीजों व उनके परिजनों को जागरूक करने के लिए मुहिम चलाएंगे। हमारे पास जरूरतमंद दृष्टिहीन मरीजों की एक सूची पहले से तैयार है। कोई भी जरूरतमंद दृष्टिहीन बीएमएचआरसी के नेत्र रोग विभाग में आकर अपनी जांच करवा सकते हैं और अपना नाम दर्ज करा सकते हैं।
*आईबैंक का महत्व*
डॉ मनीषा श्रीवास्तव ने बताया कि एक नेत्रदाता के नेत्रदान से दो दृष्टिहीन व्यक्तियों की दृष्टि वापस लाई जा सकती है। आईबैंक और कार्निया ट्रांसप्लांट सेंटर दृष्टिहीन व्यक्तियों के जीवन में नई रोशनी लाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं। आईबैंक नेत्रदान के माध्यम से प्राप्त कार्निया को सुरक्षित रखने और इसे प्रत्यारोपण के लिए तैयार करने का कार्य करता है। कार्निया ट्रांसप्लांट दृष्टिहीन व्यक्तियों को उनकी खोई हुई दृष्टि वापस देने में सहायक है। यह सुविधा उन मरीजों के लिए वरदान है जो किसी दुर्घटना, संक्रमण या बीमारी के कारण दृष्टिहीन हो गए हैं।

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