भोपाल
राष्ट्रीय दृष्टिहीनता नियंत्रण कार्यक्रम के तहत स्वयंसेवी राष्ट्रीय स्वास्थ्य मिशन (एनएचएम) जिलों के मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी और स्वयंसेवी संस्थाओं के बीच त्रिपक्षीय एमओयू किया गया है। इसके तहत प्रदेश के हर जिले में एक ब्लाक को मोतियाबिंद अंधत्व बैकलॉग मुक्त करने के लिए समेकित प्रयास किया जायेगा। एनएचएम कार्यालय भोपाल के सभाकक्ष में मिशन संचालक एनएचएम श्रीमती प्रियंका दास, मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी एवं 7 ज़िलों (भोपाल, जबलपुर, विदिशा, इंदौर, सतना, ग्वालियर एवं नरसिंहपुर) की 12 स्वयंसेवी संस्थाओं के प्रतिनिधियों के बीच एमओयू साईन किया गया। कार्यक्रम में विभिन्न ज़िलों के मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी, जिला कार्यकम प्रबंधक (अंधत्व) एवं उप जिला कार्यकम प्रबंधक (अंधत्व) उपस्थित रहे। इसके साथ ही स्कूली बच्चों का नेत्र परीक्षण, डायबिटिक रेटिनोपैथी, आरओपी, सभी अन्य नेत्र-रोगो में राष्ट्रीय दृष्टिहीनता नियंत्रण कार्यक्रम में निहित सहयोग दिये जाने के निर्देश भी दिये गये हैं।

More Stories
स्थानांतरण और सार्थक ऐप से अनिवार्य उपस्थिति का विरोध तेज, पशुपालन कर्मचारियों ने मंत्री को सौंपा ज्ञापन
रसूखदारों और भ्रष्ट तंत्र की मिलीभगत का पर्याय सिद्धांता हॉस्पिटल
भीषण अग्निकांड: भ्रस्टाचार की बलि चढ़ते लोग, क्या कभी प्रशासन लेगा सबक