मनेन्द्रगढ़.
जिला एमसीबी के अंतर्गत आने वाले वन मंडल मनेंद्रगढ़ के मनेंद्रगढ़ वन परिक्षेत्र के कक्ष क्रमांक 704 के वन भूमि पर अवैध कब्जाधारियों के घरों को खाली करने के लिए पीओआर के साथ नोटिस भी जारी किया गया था। वन भूमि पर अवैध कब्जा कर मकान बनाए जाने को लेकर आज वन विभाग बड़ी कार्यवाही करते हुए अवैध कब्जाधारियों के अतिक्रमण कर घर बनाए बना कर रह रहे थे जिन पर वन विभाग अमला बड़ी कार्यवाही करते हुए वन भूमि पर अवैध तरीके से बने मकान पर बुलडोजर चलाकर ध्वस्त कर दिया गया।
30 से 40 मकान पर बुलडोजर चलते हुए पूरे घर को गिरा दिया गया जिस पर वन विभाग के अधिकारियों का कहना था कि वन भूमि पर गलत तरीके से अवैध कब्जा कर मकान बनाने का काम चल रहा था कई बार समझाइए देने के साथ नोटिस भी दिया गया वन विभाग की उच्च अधिकारियों की दिशा निर्देश पालन करते हुए वन भूमि पर अवैध तरीके से कब्जाधारियों के मकान पर बुलडोजर चलते हुए जमीन को खाली कराया गया इस कार्य में वन विभाग के अधिकारियों कर्मचारियों के साथ बड़ी संख्या में पुलिस भी मौजूद रही। आपको बता दें कि वन परिक्षेत्र मनेंद्रगढ़ के कक्ष क्रमांक 704 वनभूमि पर लोगों के द्वारा अवैध कब्जा कर मकान बनाया जा रहा था जी को लेकर वन विभाग प्रशासन हरकत में आया और पुलिस विभाग के सहयोग साथ ही बड़ी संख्या में वन विभाग के अधिकारी कर्मचारी मौके पर उपस्थित होकर अवैध तरीके से वन भूमि पर कब्जाधारियों के मकान पर बुलडोजर चलते हुए वन भूमि को खाली कराया गया।
वहीं दूसरी ओर कब्जाधारियों ने भी मीडिया के सामने अपने दुख तकलीफों को रखते हुए कहा कि हम लोग 2 से 3 सालों से यहां पर रह रहे हैं और आज हम लोग को यहां से हटा दिया जा रहा है साथ ही वन भूमि पर और भी कई लोग सालों से कब्जा करके घर बनाकर रह रहे हैं उनको नहीं हटाया जा रहा है और हम लोग न्याय के लिए कलेक्टर के पास जाएंगे अब देखने वाली बात होगी कि वनभूमि पर अवैध कब्जे को लेकर आगे किस प्रकार से कार्यवाही होती है यह तो आने वाला समय ही बताएगा।

More Stories
छत्तीसगढ़ में 208 नक्सलियों ने किया 153 घातक हथियारों के साथ आत्मसमर्पण
छत्तीसगढ़ की संस्कृति में सभी के प्रति सम्मान और आभार की भावना, हरेली तिहार के आयोजन में बोले सीएम साय
मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय ने की इलेक्ट्रॉनिक्स एवं सूचना प्रौद्योगिकी विभाग के कार्यों की समीक्षा : बस्तर से सरगुजा तक डिजिटल क्रांति का विस्तार, 5000 मोबाइल टावर का लक्ष्य तय