नई दिल्ली/धार
भोजशाला के एएसआई सर्वे के खिलाफ दायर याचिका पर सुप्रीम कोर्ट सुनवाई से इनकार कर दिया है। यह याचिका कमाल मौला मस्जिद के मुतवल्ली (कार्यवाहक) काजी मोइनुद्दीन द्वारा दायर की गई थी।
दरअसल, इंदौर हाई कोर्ट द्वारा एएसआई को भोजशाला के सर्वे के लिए दिए गए अंतरिम आदेश को लेकर सुप्रीम कोर्ट में यह याचिका दायर की गई थी। वहीं याचिकाकर्ता हाई कोर्ट में पक्षकार नहीं थे, ऐसे में सुप्रीम कोर्ट ने इस पर सुनवाई से इनकार करते हुए याचिकाकर्ता को हाईकोर्ट जाने के लिए कहा है।
सुप्रीम कोर्ट सर्वे पर रोक लगाने से कर चुका है इनकार
गौरतलब है कि सुप्रीम कोर्ट ने सोमवार को भोजशाला के एएसआई सर्वे कराने पर रोक लगाने से इनकार कर चुका है। हालांकि, कोर्ट ने कहा कि उसकी इजाजत के बगैर सर्वे के नतीजों के आधार पर कोई कार्रवाई नहीं की जाएगी। साथ ही कोर्ट ने भोजशाला के एएसआई सर्वे को चुनौती देने वाली याचिका पर नोटिस जारी किया है। य
सुप्रीम कोर्ट ने याचिकाकर्ता के वकील की दलीलें सुनने के बाद केंद्र सरकार, राज्य सरकार और एएसआई को नोटिस जारी करते हुए चार सप्ताह में जवाब दाखिल करने का निर्देश दिया। शीर्ष अदालत ने अपने आदेश में कहा कि कोर्ट की इजाजत के बिना सर्वे रिपोर्ट में आने वाले नतीजे के आधार पर कोई कार्रवाई नहीं की जाएगी। साथ ही स्पष्ट किया कि सर्वे के दौरान ऐसी कोई खोदाई नहीं दी जाएगी जिससे कि परिसर का चरित्र या प्रकृति बदलती हो।

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