भोपाल: 15 मई 2025
एम्स भोपाल के कार्यपालक निदेशक प्रो. (डॉ.) अजय सिंह के मार्गदर्शन में कार्डियोथोरेसिक एवं वैस्कुलर सर्जरी (सीटीवीएस) विभाग ने एक अत्यंत जटिल एवं दुर्लभ सर्जरी को सफलतापूर्वक संपन्न किया। इस सर्जरी के माध्यम से सागर निवासी 47 वर्षीय एक मरीज का सफल उपचार किया गया, जो विगत पाँच वर्षों से सांस फूलने की गंभीर समस्या से पीड़ित था। विभिन्न अस्पतालों से परामर्श के बावजूद जब कोई लाभ नहीं मिला, तब वह एम्स भोपाल के सीटीवीएस विभाग में परामर्श हेतु पहुँचा। जांच में पाया गया कि उसकी छाती में एक बड़ा ट्यूमर है, जो बाएं फेफड़े, हृदय एवं महाधमनी पर दबाव डाल रहा था। विभाग की विशेषज्ञ टीम द्वारा विस्तृत परीक्षण के उपरांत सर्जरी का निर्णय लिया गया। सर्जरी के दौरान यह स्पष्ट हुआ कि ट्यूमर आकार में अत्यधिक बड़ा है और हृदय की प्रमुख रक्तवाहिनियों को घेर चुका है। अतः मरीज को कार्डियोपल्मोनरी बायपास पर रखते हुए हृदय को अस्थायी रूप से रोका गया, जिसके पश्चात लगभग तीन किलोग्राम वजनी और 30 सेंटीमीटर लंबा ट्यूमर सफलतापूर्वक निकाला गया। ऑपरेशन उपरांत मरीज को कुछ दिनों तक आईसीयू में रखा गया तथा स्वास्थ्य में सतत सुधार को देखते हुए अस्पताल से छुट्टी दे दी गई।
इस अवसर पर प्रो. सिंह ने कहा, “इस तरह की जटिल सर्जरी का सफल निष्पादन न केवल मध्यप्रदेश बल्कि आस-पास के क्षेत्रों के लिए भी एक महत्वपूर्ण उपलब्धि है। यह केवल एक चिकित्सकीय सफलता नहीं, बल्कि उन सभी रोगियों के लिए आशा की एक नई किरण है जो जटिल बीमारियों से जूझ रहे हैं। एम्स भोपाल की प्रतिबद्धता है कि उन्नत चिकित्सा सुविधाएं समाज के प्रत्येक वर्ग, विशेष रूप से ग्रामीण और आर्थिक रूप से कमजोर वर्गों तक पहुँचें।” इस मरीज की सर्जरी कार्डियोथोरेसिक विभाग के प्रमुख डॉ. योगेश निवारिया की देखरेख में किया गया एवं सर्जिकल टीम में डॉ. एम किशन, डॉ. सुरेंद्र सिंह यादव, डॉ. राहुल शर्मा, डॉ. विक्रम वट्टी और डॉ. आदित्य सिरोही शामिल थे। एनेस्थीसिया विभाग से डॉ. पूजा सिंह ने इस सर्जरी में सहयोग किया।

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