भोपाल
मध्यप्रदेश में आंधी, बारिश और गरज-चमक का स्ट्रॉन्ग सिस्टम एक्टिव है। अगले 3 दिन तेज आंधी चलेगी तो कहीं बारिश होने का अलर्ट है। इससे पहले मंगलवार को भी आंधी-बारिश का दौर जारी रहा।मौसम विभाग के अनुसार वेस्टर्न डिस्टरबेंस साइक्लोनिक सर्कुलेशन और ट्रफ लाइन की वजह से प्रदेश में स्ट्रांग सिस्टम एक्टिव है. इसी वजह से प्रदेश हवा आंधी के साथ बारिश का दौर जारी है.
मौसम विभाग के अनुसार आगामी तीन दिन तक प्रदेश में हवा आंधी के साथ बारिश की संभावना है. मौसम विभाग के अनुसार मानसून अब तक 49 जिलों में एंट्री ले चुका है. इन जिलों में सिवनी, पांढुर्णा, बालाघाट, मंडला, डिंडोरी, अनूपपुर, भोपाल, इंदौर, उज्जैन, अलीराजपुर, बड़वानी, धार, खरगोन, बुरहानपुर, खंडवा, देवास, सीहोर, विदिशा, रायसेन, नर्मदापुरम, हरदा, बैतूल शामिल है.
वहीं छिंदवाड़ा, नरसिंहपुर, जबलपुर, सागर, दमोह, कटनी, उमरिया, शहडोल, सीधी, सिंगरौली, झाबुआ, रतलाम, नीमच, मंदसौर, आगर, शाजापुर, राजगढ़, गुना, शिवपुरी, अशोकनगर, टीकमगढ़, छतरपुर, पन्ना, सतना, मैहर, रीवा ओर मऊगंज में भी मानसून पहुंच चुका है. मानसून की दस्तक के बाद भी प्रदेश में गर्मी का सितम जारी है.
पचमंढ़ी में दर्ज हुआ सबसे कम तापमान
मंगलवार (25 जून) को प्रदेश के पांच शहरों में तापमान 40 डिग्री के पार दर्ज किया गया. पृथ्वीपुर-निवाड़ी सबसे गर्म रहा, जहां तापमान 43.6 डिग्री रहा. वहीं बिजावर में 40.8, सिंगरौली में 40.4, सीधी 40.2 और नौगांव में 40.1 डिग्री दर्ज किया गया. जबकि सबसे कम तापमान पचमढ़ी में रहा. पचमढ़ी में अधिकतम पारा 29.0 और न्यूनतम 21.2 डिग्री दर्ज किया गया.
मध्य प्रदेश में इस बार समान्य से 106% बारिश होने का अनुमान है. वहीं पिछली बार 82% बारिश हुई थी. हालांकि, इस बार मानसून भले ही पांच दिन लेट पहुंचा हो, लेकिन बारिश अच्छी होगी. अगर बात राजधानी भोपाल की करें तो इस बार भोपाल में सामान्य से अधिक बारिश होगी. यहां 4-6 फीसदी अधिक बारिश होने का अनुमान है. बता दें कि भोपाल की सामान्य बारिश 37.6 इंच है, लेकिन पीछली बार 30.9 इंच बारिश हुई थी.

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