नई दिल्ली
दिल्ली हाई कोर्ट ने उस जनहित याचिका (पीआईएल) को खारिज कर दिया है जिसमें मांग की गई थी कि दिल्ली के मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल को जेल से सरकार चलाने देने के लिए विशेष व्यवस्था की जाए। याचिका में यह भी मांग की गई थी कि दिल्ली में राष्ट्रपति शासन से संबंधित खबरों पर रोक लगा दी जाए। अदालत ने ना सिर्फ सिर्फ पीआईएल को खारिज किया बल्कि इसे दायर करने वाले पर एक लाख रुपए का जुर्माना भी लगा दिया।
श्रीकांत प्रसाद नाम के एक वकील ने हाई कोर्ट में पीआईएल दायर की थी। इसमें मांग की गई थी कि तिहाड़ में बंद दिल्ली के मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल जेल से सरकार चला सकें इसके लिए विशेष इंतजाम किए जाएं। डीजी जेल को यह निर्देश देने की मांग की गई थी कि केजरीवाल विधायकों और कैबिनेट सदस्यों से बातचीत कर सकें, इसके लिए वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग का इंतजाम कर दिया जाए।
एक्टिंग चीफ जस्टिस मनमोहन और जस्टिस मनमीत पीएस अरोड़ा की बेंच ने याचिका को खारिज करते हुए प्रसाद पर एक लाख रुपए का जुर्माना लगा दिया। याचिकाकर्ता को इसे एम्स के खाते में जमा कराने को कहा गया है।

More Stories
भोपाल मंडल पर तत्काल आरक्षण हेतु टोकन वितरण की नई एवं पारदर्शी व्यवस्था 01 अगस्त 2026 से लागू
अशोकनगर बायपास परियोजना में करोड़ों के भूमि घोटाले की आशंका! एलायमेंट बदलने, गरीबों की पट्टे की जमीनों की बिक्री और भूमाफियाओं की कथित खरीद-फरोख्त पर उठे गंभीर सवाल
167वें आयकर दिवस पर राष्ट्र निर्माण में करदाताओं की भूमिका का संदेश, उत्कृष्ट खिलाड़ियों और विद्यार्थियों का हुआ सम्मान