August 26, 2026

नए साल में इसरो का नया मिशन, चंद्रमा और सूरज के बाद अब खुलेंगे ब्लैक होल के राज

नई दिल्ली
चंद्रमा और सूरज के बाद अब इसरो ने सौरमंडल के राज जानने के लिए एक नया मिशन लांच किया है। इस मिशन के जरिए ब्लैक होल्स और न्यूट्रॉन स्टार्स की स्टडी की जाएगी। यह देश का पहला एक्स-रे पोलारीमीटर सैटेलाइट (एक्सपोसैट) होगा जो एक जनवरी को रवाना होगा। इसरो ने बताया कि एक्सपोसैट मिशन पीएसएलवी रॉकेट के जरिए सुबह नौ बजकर 10 मिनट पर उड़ान भरेगा। गौरतलब है कि साल 2023 इसरो के लिए कई अहम सफलताओं वाला रहा है।

दुनिया का सिर्फ दूसरा
एक्सपोसैट का उद्देश्य ब्रह्मांड में 50 सबसे चमकीले ज्ञात स्रोतों की स्टडी करना है। इसमें  पल्सर, ब्लैक होल एक्स-रे बिनेरी, सक्रिय गैलेक्टिक नाभिक, न्यूट्रॉन सितारे और गैर-थर्मल सुपरनोवा अवशेष शामिल हैं। एक्सपोसैट मिशन को गहन एक्स-रे स्रोतों के ध्रुवीकरण के बारे में जानकारी जुटाने के लिए तैयार किया गया है। इस उपग्रह को पांच साल के लिए 500-700 किमी की धरती की निचली कक्षा में रखा जाएगा। यह मिशन दुनिया में इस तरह का सिर्फ दूसरा कार्यक्रम है। इससे पहले नासा ने साल 2021 में इमेजिंग एक्स रे पोलारिमेट्री एक्सप्लोरर लांच किया था।

मिलेंगी नई जानकारियां
उम्मीद है कि एक्सपोसैट मिशन ब्रह्मांड के बारे में हमारी समझ में नई जानकारियां जोड़ेगा। यह मौजूदा स्पेक्ट्रोस्कोपिक और समय डेटा में दो महत्वपूर्ण आयामों- ध्रुवीकरण की डिग्री और कोण को जोड़ देगा। इन जानकारियों से सौरमंडल में मौजूद ग्रहों के बारे में कुछ खास जानकारियां मिलने की उम्मीद है, जो आगे चलकर काफी मददगार होगी। इस मिशन को रमन रिसर्च इंस्टीट्यूट और यूआर राव सैटेलाइट सेंटर ने मिलकर तैयार किया है।

 

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