मंडला
13-02-2024 को सरही परिक्षेत्र स्थित रौंदा बीट से 11 बारासिंघा (03 नर एवं 08 मादा) को सफलता पूर्वक केप्चर किया जाकर बांधवगढ़ टायगर रिजर्व की ओर रवाना किया गया। इस पूरे केप्चर प्रक्रिया का नेतृत्व श्री सुनील कुमार सिंह, क्षेत्र संचालक, कान्हा टायगर रिजर्व द्वारा किया गया। केप्चर आपरेशन के दौरान श्री पुनीत गोयल, उप संचालक (कोर), डा. संदीप अग्रवाल, वन्यप्राणी चिकित्सक एवं बांधवगढ़ टायगर रिजर्व से श्री पी.के. वर्मा, उप संचालक एवं उनका रेस्क्यू दल तथा कान्हा टायगर रिजर्व के अधिकारियों एवं कर्मचारियों द्वारा भाग लिया गया। इसके पूर्व कान्हा से बांधवगढ़ टा. रि. 37 (13 नर एवं 22 मादा, 02 बच्चे) बारासिंघा स्थानांतरित किये गये है। राज्य पशु बारासिंघा के बांधवगढ़ टायगर रिजर्व में ट्रांसलोकेशन हेतु भारत सरकार एवं मध्यप्रदेश शासन द्वारा अनुमति दी गई थी।
दिनांक 11-02-2024 को समस्त अधिकारियों एवं कर्मचारियों तथा विषय विशेषज्ञों द्वारा बारासिंघा केप्चर हेतु विशेष रूप से निर्मित बोमा का निरीक्षण किया गया एवं बारासिंघा केप्चर की रणनीति तैयार की गई। आज दिनांक को प्रातः 8 बजे से केप्चर प्रक्रिया प्रारंभ कर दी गई दोपहर लगभग 10ः00 बजे बारासिंघा केप्चर की प्रक्रिया पूर्ण की गई एवं बारासिंघा को विशेष रूप से निर्मितपरिवहन ट्रक में बांधवगढ़ टायगर रिजर्व की ओर वन्यप्राणी चिकित्सक, कान्हा एवं बांधवगढ़ रेस्क्यू दल की देखरेख में रवाना किया गया। प्रदेश में इनकी संख्या बढ़ाने के उद्वेश्य से पिछले कुछ वर्षों में वन विहार राष्ट्रीय उद्यान, भोपाल में 7 एवं सतपुड़ा टायगर रिजर्व में 98 मध्य भारतीय हार्ड ग्राउण्ड बारासिंघा को सफलतापूर्वक स्थानांतरण किया जा चुका है। कान्हा में सत्तर के दशक में मात्र 66 बचे थे, कान्हा प्रबंधन द्वारा बेहतर संरक्षण के चलते अब कान्हा में इनकी संख्या लगभग 948 तक हो गयी है।

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