उज्जैन
कालों के काल बाबा महाकाल के दरबार में अगहन कृष्ण पक्ष की सप्तमी पर भस्म आरती के दौरान एक ऐसे संत बाबा महाकाल के दर्शन करने पहुंचे, जिन्हें देखकर हर कोई अचंभित रह गया। संत की कद-काठी काफी कम थी, लेकिन इन्होंने अपने मस्तक पर त्रिपुंड और रुद्राक्ष की माला पहन रखी थी। भस्म आरती के बाद उन्होंने चांदी द्वार पर पहुंचकर भगवान का पूजन-अर्चन किया और फिर बाबा महाकाल का आशीर्वाद प्राप्त किया।
जानकारी के अनुसार, शुक्रवार सुबह भस्म आरती के दौरान श्री महाकालेश्वर मंदिर में अयोध्या की हनुमानगढ़ी से संत मंत्र बाबा महाकाल के दर्शन करने पहुंचे थे। देखने में यह संत एकदम साधारण नजर आ रहे थे, लेकिन उनकी कद-काठी के कारण हर कोई इन्हें देखता रह गया। संत की लंबाई करीब 2 फीट थी, जिन्होंने चांदी द्वार से बाबा महाकाल के दर्शन किए। संत के साथ कुछ अन्य लोग भी थे जो पूजन-अर्चन के दौरान उनका सहयोग करते नजर आ रहे थे। संत करीब 2 घंटे नंदी हॉल में बैठकर साधना में लीन रहे और बाबा महाकाल के निराकार से साकार स्वरूप के दर्शन किए।
महानिर्वाणी अखाड़े पहुंचे
हनुमानगढ़ी अयोध्या से आए संत मंत्र बाबा महाकाल के दर्शन करने के बाद महानिर्वाणी अखाड़े के गादीपति महंत विनीत गिरी महाराज से मिलने अखाड़े पर पहुंचे थे। महंत विनीत गिरी ने उनका स्वागत किया।

More Stories
मध्यप्रदेश पुलिस गरबा महोत्सव: डीजीपी मकवाणा ने मां अम्बे की आरती कर किया गरबा महोत्सव का शुभारंभ
राजेश कुमार ओगरे ने मऊगंज कलेक्टर का संभाला पदभार, प्रशासनिक व्यवस्था की ली जानकारी
भोपाल मंडल पर तत्काल आरक्षण हेतु टोकन वितरण की नई एवं पारदर्शी व्यवस्था 01 अगस्त 2026 से लागू