भोपाल
मध्य प्रदेश की अधिकांश जिलों का तापमान शुष्क बना हुआ है। कुछ जिलों में बादलों के छाए रहने के कारण न्यूनतम और अधिकतम तापमान में बढ़त दर्ज हो रही है। न्यूनतम पारा भी चढ़ गया। इस तरह के मौसम के कारण आने वाले दिनों में भी न्यूनतम तापमान में वृद्धि हो सकती है। जबकि दिन के तापमान में मामूली गिरावट आने के आसार हैं।
बंगाल की खाड़ी से आने वाली नमी के कारण हवाओं का रुख बदल गया। कुछ जगहों पर जहां बादल छाए रहे, वहीं, न्यूनतम तापमान में भी वृद्धि हुई। न्यूनतम तापमान बढ़कर 14.4 डिग्री सेल्सियस तक पहुंच गया। उधर, सर्वाधिक अधिकतम तापमान 34.2 डिग्री सेल्सियस तक पहुंच गया।
वहीं, मौसम विभाग का कहना है कि वर्तमान समय में पूरे प्रदेश में हवा का रुख पूर्वी एवं दक्षिण पूर्वी बना हुआ है। इसके साथ ही बंगाल की खाड़ी से लगातार नामी मध्य प्रदेश में आ रही है। इस कारण मध्य एवं ऊंचाई के स्तर पर बादल छाए हुए हैं। एक पश्चिमी विक्षोभ पाकिस्तान के आसपास द्रोणिका के रूप में सक्रिय है। वहीं बुधवार को एक पश्चिमी विक्षोभ उत्तर भारत में प्रवेश कर सकता है।
प्रमुख जिलों के न्यूनतम तापमान की बात की जाए तो छिंदवाड़ा में सबसे कम 14.4 की सेल्सियस, उमरिया में 14.6, नौगांव में 14.5, मलाजखंड में 14.7, जबलपुर में 15.2, मंडला में 15.5, बैतूल में 15.5, भोपाल में 16.6, ग्वालियर में 16.8, इंदौर में 17.8 डिग्री सेल्सियस न्यूनतम तापमान दर्ज हुआ। सोमवार की तुलना में देखा जाए तो मंगलवार को न्यूनतम तापमान में वृद्धि दर्ज हुई।
उधर, अधिकतम तापमान की बात करें तो प्रदेश में सबसे गर्म दमोह रहा, जहां 34. 2 डिग्री सेल्सियस तापमान दर्ज हुआ। भोपाल में 32.7, ग्वालियर में 33.5, इंदौर में 31.7 और जबलपुर में 31 डिग्री सेल्सियस अधिकतम तापमान दर्ज हुआ। प्रदेश के अधिकांश जिलों का तापमान 30 डिग्री सेल्सियस के ऊपर ही बना रहा। मौसम वैज्ञानिकों ने अनुमान जताया है कि नवंबर महीने के पहले हफ्ते से ठंडक दस्तक दे सकती है।

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